मानहानि के मामले में क्या कांग्रेस नेता राहुल गांधी के बाद बिहार के उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव की मुश्किलें बढ़ेंगी? गुजरात के लोगों को ठग बताने पर तेजस्वी यादव के खिलाफ दाखिल हुए मानहानि केस में अहमदबाद कोर्ट में पहली सुनवाई होगी। तेजस्वी यादव के खिलाफ 26 अप्रैल को अहमदाबाद के व्यापारी और सामाजिक कार्यकर्ता हरेश मेहता ने मामला दर्ज कराया था। जिसे कोर्ट ने स्वीकार कर लिया था। मानहानि के इस मामले में अहमदाबाद की मेट्रोपॉलिटन कोर्ट क्या एक्शन लेती है।
डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव के खिलाफ अहमदाबाद की मेट्रो कोर्ट में कथित तौर ‘गुजरात के लोगों को ठग’ बताने के मामले को लेकर सुनवाई होनी है। तेजस्वी यादव ने मीडिया से बातचीत करते हुए मार्च में महीने में कहा था कि आज के हालात में देखा जाए तो सिर्फ गुजराती ही ठग हो सकते हैं। उनकी ठगी को माफ कर दिया जाएगा। तेजस्वी यादव के इसी बयान को गुजरात की अहमदाबाद की कोर्ट में मानहानि का केस दर्ज किया गया है।
इस मामले में मेट्रो कोर्ट इंक्वायरी कर सकती है कि जो तथ्य पेश किए गए हैं वे सही है या फिर नहीं। अगर कोर्ट को मानहानि के केस में रखे गए तथ्य सही लगते हैं तो तेजस्वी यादव को समन भी जारी कर सकती है। पहले दौर में कोर्ट शिकायतकर्ता की तरफ से दिए गए सुबूतों की पड़ताल करेगी। अगर कोर्ट तेजस्वी यादव के खिलाफ समन जारी करती है तो फिर उपमुख्यमंत्री की आने वाले दिनों में मुश्किलें बढ़ सकती हैं। उनके मार्च महीने में दिए गए बयान को गुजरात के लोगों के अपमान से जोड़ गया है।





