बताया जाता है कि भगवानपुर थाना क्षेत्र के संजात गांव निवासी सौरभ कुमार अपने रिश्तेदार के साथ बाइक से जा रहे थे. इसी बीच रास्ते में गांव के ही एक व्यक्ति ने उनके साथ छिनतई और मारपीट की थी. इस मामले में सौरभ कुमार ने भगवानपुर थाने में मामला दर्ज करवाया था. इस केस का अनुसंधान दारोगा विनीत कुमार झा कर रहे थे, लेकिन मामले को उन्होंने ठंडे बस्ते में डाल दिया था. सौरभ ने जब दारोगा विनीत कुमार झा पर गिरफ्तारी के लिए दबाव बनाया तो उन्होंने 15 हजार रुपया देने के लिए कह दिया.
इस पूरे मामले में सौरभ कुमार ने जब देखा कि टालमटोल किया जा रहा है और बिना पैसे दिए काम नहीं बनने वाला है, तो उन्होंने इस संबंध में पटना निगरानी में शिकायत कर दी. इसके बाद निगरानी ने भगवानपुर प्रखंड कार्यालय के प्रांगण से रिश्वत के रूप में 15 हजार रुपया लेते हुए रंगे हाथ दारोगा को गिरफ्तार कर लिया. गिरफ्तार दारोगा को निगरानी की टीम अपने साथ ले गयी है. उससे पूछताछ की जा रही है. निगरानी की इस कार्रवाई से प्रखंड कार्यालय में कार्यरत कर्मियों में डर का माहौल है.




