पी एम विश्वकर्मा योजना के अंतर्गत 18 संकायों (बढ़ई, सोनार, गुड़िया एवं खिलौना निर्माता, नाव निर्माता, कुम्हार, मछली पकड़ने का जाल निर्माता, मालाकार, लोहार, मूर्तिकार (पत्थर तराशने वाला), धोबी, राजमिस्त्री, मोची (चर्मकार)/ जूता कारीगर, नाई, दर्जी, ताला बनाने वाला, अस्त्रकार, हथौड़ा, टूल किट निर्माता और टोकरी/चटाई/झाडू निर्माता बुनकर) में काम करने वाले चयनित पात्र लाभार्थी, रु 15000 रुपए तक की टूल किट तथा कुल 3 लाख रूपये (1 लाख एवं 2 लाख रूपये) 5 प्रतिशत रियायत ब्याज दर पर ऋण के रूप में प्राप्त कर सकेंगेl
उक्त प्रदर्शनी में योजना से जुड़े विभिन्न कार्यालयों से आये अधिकारीयों द्वारा विस्तार से जानकारी प्रदान की गयी।
प्रदर्शनी में भाग लेने वाले पी एम विश्वकर्मा लाभार्थियो को डिजिटल भुगतान, बाज़ार विस्तार, उत्पाद की गुणवत्ता, ई कॉमर्स प्लेटफ़ॉर्म (GeM, ONDC), सरकारी खरीद नीतियों, एक्सपोर्ट प्रोमोशन, बिहार सरकार कि उद्योग से जुड़ी नीतियों, प्रदत्त लाभों एवं मार्केटिंग आदि के बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान की गयी।
कार्यक्रम में , उप-विकास आयुक्त, दरभंगा ने उपस्थित सभी पीएम विश्वकर्मा लाभार्थियों को इस योजना के लाभों के बारे में विस्तार से इस व्यापर मेला में अधिक से अधिक लाभ उठाकर आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया।
कार्यक्रम में श्री आर के चौधरी, निदेशक, एम एस एम ई- विकास कार्यालय, मुजफ्फरपुर, श्री अम्बुरी शालेमु राजुलू, सहायक निदेशक, एम एस एम ई- विकास कार्यालय, मुजफ्फरपुर, श्री विकाश कुमार, जिला अग्रणी महाप्रबंधक, दरभंगा, सुरुचि कुमारी, महाप्रबंधक, जिला उद्योग केंद्र, दरभंगा, श्री उमा शंकर महतो, मुख्य प्रबंधक, भारतीय स्टेट बैंक, दरभंगा उपस्थित थे।
कार्यक्रम का संचालन श्री अतुल कुमार मिश्र, सहायक निदेशक, एम एस एम ई- विकास कार्यालय, मुजफ्फरपुर ने किया।




