दरभंगा : दुर्गा पूजा पंडाल में लगा AC, भक्तों की जुटी भीड़:दरभंगा में 30 लाख रुपए हुए खर्च, आगरा के किला का है बाहरी रूप
दरभंगा में सार्वजनिक दुर्गा पूजा समिति गेहूमी कोठिया बाजार समिति ने पांच अलग-अलग थीम पर आधारित भव्य पंडाल का निर्माण किया है। इसका निर्माण 30 लाख रुपए की लागत से किया गए है। राष्ट्रीय राजमार्ग से कोठिया बाजार समिति जाने वाली मुख्य द्वार के पास पूजा पंडाल को बंगाल व मुजफ्फरपुर के कारीगरों ने लगभग 2 महीने में तैयार किया है।
पंडाल का बाहरी स्वरूप आगरा के किला का है। इसके बाद भूत-बंगला, मिथिला पेंटिंग, फिर भूल-भुलैया और अंत में बंगाल के थीम पर वातानुकूलित स्वर्ग लोक पड़ी सीक्रेट पंडाल का लुफ्त लोग उठा पाएंगे। इसी पंडाल में आज से पट खुल गया है। माता की प्रतिमा हर साल पूजा पंडाल के पास अवस्थित मंदिर में ही तैयार किया जाता है। माता का पट खुलते ही, श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी है। 2000 कन्याओं ने भव्य कलश शोभा यात्रा निकाला है।
अलग-अलग थीम पर आधारित दृश्य तैयार
प्रतिमा को तैयार करने के लिए पिछले डेढ़ महीने से समस्तीपुर से आए मूर्तिकार दिन-रात लगे हुए थे। प्रतिमा को आखिरी स्वरूप देकर दर्शन के लिए तैयार कर दिया गया है। पूजा समिति के चंदा प्रभारी अनिल कुमार महतो ने बताया कि सप्तमी से लोग इस भव्य पंडाल के पांच अलग-अलग थीम पर आधारित दृश्य को देखते हुए मां दुर्गा का दर्शन कर पाएंगे।
आगरा के किले के रूप में पंडाल तैयार हुआ है।
यहां मुख्य पंडाल में AC लगा रहेगा। आयोजकों ने बताया कि 700 स्क्वायर मीटर में इस पंडाल को तैयार किया गया है। पूरे बिहार में पहली बार लोगों को एक साथ पांच अलग-अलग थीम पर आधारित भव्य पंडाल देखने का अवसर प्राप्त होगा।
पूजारी नारायणा मिश्र, पूजा समिति के अध्यक्ष रंजीत कुमार महतो, सचिव गोपाल मंडल, सदस्य अंकुश श्रीवास्तव, सोनू मंडल, मनोज आनंद, संजय यादव, जंगल महतो आदि ने बताया कि यहां प्रतिदिन 50 हजार से अधिक की संख्या में श्रद्धालु पूजा पंडाल को देखने व माता का दर्शन के लिए हर दिन जुटते हैं, यहां साल 1977 से वैष्णवी पद्धति से देवी की पूजा की जाती है।
मां का पट खुल चुका है।
मब्बी थाना के थानाध्यक्ष ने बताया कि 50 से अधिक सुरक्षा बलों को पूजा पंडाल व उसके इर्द-गिर्द होने वाले भीड़ पर नियंत्रण के लिए तैनात किया गया है। इसके अलावा अग्निशमन दस्ता और ट्रैफिक नियम के अनुपालन के लिए कई निर्देशों को ध्यान में रखकर प्रशासन मुस्तैद है। वरीय पुलिस अधिक्षक महोदय के निर्देशानुसार विधि व्यवस्था लागू कर पहल की जा रही है।
