फायरिंग:गांव के दलित बोले- भूमाफिया ने गुर्गों संग मारपीट भी की, हालातों पर काबू के लिए पुलिस कर रही कैंप।
गांव के दलित बोले- भूमाफिया ने गुर्गों संग मारपीट भी की, हालातों पर काबू के लिए पुलिस कर रहीं कैंप।
दरभंगा के बहादुरपुर थाना क्षेत्र के मिर्जापुर देकुली गांव में बुधवार को सरकारी चापाकल को लेकर चल रहा विवाद अचानक हिंसक रूप ले लिया। आरोप है कि सरकारी चापाकल पर अवैध कब्जा जमाने वाले कथित भूमाफिया गंगा यादव ने दलित बस्ती के लोगों पर हमला कर दिया। इस घटना में आधे दर्जन से अधिक लोग घायल हो गए, जिनमें कई की हालत गंभीर बताई जा रही है। सभी घायलों का इलाज बहादुरपुर सीएचसी में चल रहा है।
ग्रामीणों ने बताया कि गांव की दलित बस्ती में स्थापित सरकारी चापाकल को गंगा यादव की ओर से बाउंड्री कर जबरन कब्जे में ले लिया गया था। पानी के लिए परेशान ग्रामीणों ने सोमवार को इस संबंध में एक बैठक रखी थी, जिसमें आरोपी पक्ष उपस्थित नहीं हुआ। बुधवार को जब ग्रामीण उसी मुद्दे पर बातचीत करने पहुंचे, तभी गंगा यादव अपने 15–20 समर्थकों के साथ पहुंचा और घेराबंदी के अंदर से रोड़ेबाजी शुरू कर दी।
झड़प के पाद घटनास्थल पर क्षतिग्रस्त बाइक।
आरोपियों ने पत्थरबाजी के बाद मारपीट की, फायरिंग की भी चर्चा
आरोप है कि हमलावरों ने न केवल पत्थरबाजी की, बल्कि कई ग्रामीणों के साथ मारपीट भी की। कुछ प्रत्यक्षदर्शियों ने फायरिंग होने की भी बात कही है। घटना स्थल से जिंदा कारतूस भी बरामद किया गया है। स्थिति को देखते हुए आक्रोशित ग्रामीणों ने हमलावर पक्ष के चार वाहनों को क्षतिग्रस्त कर दिया।
घटना की जानकारी मिलते ही CPI(M) के महागठबंधन समर्थित प्रत्याशी श्याम भारती मौके पर पहुंचे। उन्होंने कहा कि दलितों के साथ यह बहुत बड़ा अन्याय है। श्याम भारती ने बताया कि सरकारी चापाकल को बाउंड्री कर प्रॉपर्टी डीलर गंगा यादव ने कब्जा कर लिया था। पानी के लिए लोग परेशान थे। आज जब ग्रामीण शिकायत करने गए, तभी अचानक हमला कर दिया गया। कई लोगों को पिस्टल के बट से मारा गया। फायरिंग की आवाज भी सुनी गई। जिला प्रशासन दोषियों पर त्वरित कार्रवाई करे।
घटना की गंभीरता को देख पुलिस कर रही कैंप
घटना की गंभीरता को देखते हुए बहादुरपुर थाना पुलिस ने आंतरिक बल के साथ मौके पर डेरा डाल दिया है। क्षेत्र में तनाव बना हुआ है और पुलिस हालात पर कड़ी निगरानी रखे हुए हैं। अधिकारी जमीन विवाद, चापाकल कब्जा और हमले से जुड़े तथ्यों की जांच में जुटे हैंं।
बीरेंद्र पासवान ने बताया कि सरकारी चापाकल को बाउंड्री कर कब्जे में कर लिया गया था। शिकायत करने गए ग्रामीणों पर सुनियोजित तरीके से हमला किया गया, जिसमें कई लोग घायल हैं। ग्रामीण प्रशासन से तत्काल न्याय और हमलावरों की गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं।
थाना अध्यक्ष सुनील कुमार ने बताया कि मामले में शिकायत दर्ज कर ली गई है। घेराबंदी, हमले, रोड़ेबाजी और फायरिंग की सूचना की हर पहलू से जांच की जा रही है। दोषियों पर कठोर कार्रवाई की बात कही गई है। फिलहाल गांव में माहौल तनावपूर्ण लेकिन नियंत्रण में है।
