मधुबनी में फ्री प्लंबिंग ट्रेनिंग शुरू:सीमा सुरक्षा बल की पहल पर कार्यक्रम प्रारंभ, 29 युवा ले रहे भाग।
मधुबनी के जयनगर स्थित 48वीं वाहिनी, सशस्त्र सीमा बल परिसर में सीमावर्ती क्षेत्र के युवाओं को स्वरोजगार के प्रति सक्षम बनाने हेतु एक 10 दिवसीय फ्री प्लंबिंग ट्रेनिंग कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। यह कार्यक्रम सशस्त्र सीमा बल द्वारा प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना के अंतर्गत संचालित किया जा रहा है।
कार्यक्रम की शुरुआत 3 जुलाई 2025 को कमांडेंट श्री गोविंद सिंह भण्डारी द्वारा दीप प्रज्वलन कर की गई। उन्होंने अपने संबोधन में बताया कि इस प्रशिक्षण का उद्देश्य सीमावर्ती युवाओं को तकनीकी दक्षता प्रदान कर आत्मनिर्भर बनाना है। उन्होंने कहा कि, ‘सशस्त्र सीमा बल का ध्येय वाक्य “सेवा, सुरक्षा और बंधुत्व” केवल सीमा की रक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज के सर्वांगीण विकास में भी इसकी भागीदारी अहम है।’
प्रतिभागियों को दी गई प्लंबिंग कार्य से जुड़ी तकनीकी जानकारी
ट्रेनिंग कार्यक्रम के पहले दिन कुल 29 युवाओं ने भाग लिया। यह प्रशिक्षण आगामी 10 कार्य दिवसों तक चलेगा, जिसमें प्रतिभागियों को प्लंबिंग कार्य से जुड़ी तकनीकी जानकारी, उपकरणों का संचालन, मरम्मत कार्य, और दैनिक जीवन में उपयोगी व्यवसायिक प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। इससे न केवल युवाओं को हुनरमंद बनाया जाएगा, बल्कि उन्हें रोजगार या स्वरोजगार के अवसर भी सुलभ होंगे।
इस कार्यक्रम में द्वितीय-कमान अधिकारी श्री हरेन्द्र सिंह, उप-कमांडेंट श्री विवेक ओझा एवं श्री हरिनारायण जाट भी उपस्थित रहे। साथ ही मिथिला सेवा समिति के प्रबंधक श्री एस.के. चौधरी एवं अन्य प्रशिक्षकगण भी प्रशिक्षण व्यवस्था में सहयोग कर रहे हैं।
ट्रेनिंग कार्यक्रमों का होता रहेगा आयोजन
कमांडेंट श्री भण्डारी ने यह भी बताया कि भविष्य में ऐसे और भी ट्रेनिंग कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा, जिससे सीमावर्ती क्षेत्र के युवाओं को मुख्यधारा से जोड़ते हुए उन्हें स्वावलंबी बनाया जा सके। इस पहल को स्थानीय लोगों द्वारा सराहा गया है और युवाओं में भी काफी उत्साह देखा गया है।
