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दरअसल नवादा में मरीजों की शिकायत पर नवादा सिविल सर्जन डॉक्टर नीता अग्रवाल सदर अस्पताल का जायजा लेने के लिए आज पहुंची, जहां सबसे बड़ी बात यह निकलकर आई की ओपीडी के टाइम में एक भी डॉक्टर अपने चेंबर में नहीं मिले. सुबह 8:40 पर सिविल सर्जन डॉ नीता अग्रवाल ने सदर अस्पताल के सभी ओपीडी की जांच की. वहां एक भी डॉक्टर मौजूद नहीं मिले. इसके अलावा कई नर्सिंग स्टाफ और गर्मी भी ड्यूटी पर नहीं मिले. जानकारी के अनुसार सिविल सर्जन के निरीक्षण के दौरान महिला, शिशु, चर्म, हड्डी, जनरल मेडिसिन, आयुष, दंत समेत अन्य विभागों के डॉक्टर ड्यूटी पर उपलब्ध नहीं थे.
यहां तक अस्पताल के उपाधीक्षक और मैनेजर भी ड्यूटी से गायब थे. इसके बाद सिविल सर्जन डॉ नीता अग्रवाल ने सभी ओपीडी की वीडियोग्राफी की और खुद कमान संभाली. इमरजेंसी में केवल एक डॉक्टर मुकेश ड्यूटी पर मिले वह ओपीडी के साथ-साथ इमरजेंसी की कमान संभाल रहे थे. बता दें, बुधवार सुबह एक मरीज ने सिविल सर्जन डॉ नीता अग्रवाल को फोन कर अस्पताल की वस्तु स्थिति बताई और आधे घंटे से अधिक सअमे तक उसे देखने वाला कोई डॉक्टर नहीं मिला. लापरवाही देख नाराज हुईं सिविल सर्जन संबंधित खबरें एम्बुलेंस चालक ने हदें कर दी पार, महिला से धुलावाया गाड़ी, अब कार्रवाई की मांग भाई ये कैसा ब्रिज है कि 10 सालों में भी पूरा नहीं हुआ काम!
अजूबे पुल की कहानी हाथों में हथकड़ी पहनकर सदन में पहुंचीं महिला MLC, बताई हैरान करने वाली वजह विजय कुमार मंडल के मंत्री बनने पर जनता का आया रिएक्शन, जानें क्या कहा इसी शिकायत पर सिविल सर्जन डॉ नीता अग्रवाल अस्पताल पहुंची और सबसे पहले इमरजेंसी की कमान संभाली, जबकि ओपीडी में सुबह 8:00 बजे से ही डॉक्टर की ड्यूटी लग जाती है. मगर 9:30 बजे तक एक भी डॉक्टर ड्यूटी पर नहीं आए, जिससे खफा होकर सीएस ने सभी का वेतन एक दिन का काट लिया और सभी को नोटिस जारी कर ने का आदेश दिया.
इस व्यवस्था को देखकर सिविल सर्जन काफी नाराज हुईं और मौके पर ही संबंधित अधिकारियों की फोन पर क्लास लेने लगी. डॉक्टरों को नोटिस जारी करने का आदेश लापरवाही कि यह तस्वीर देखकर सिविल सर्जन डॉ नीता अग्रवाल काफी नाराज हुईं और सभी कर्मियों को फोन पर ही सुनाने लगी. इससे खफा होकर उन्होंने सभी को नोटिस जारी करने का आदेश दिया है. बता दें, इससे पूर्व भी इस तरह की शिकायत डीएम समेत सिविल सर्जन को दी जाती थी. मगर आज तक कार्रवाई नहीं होती थी। मगर आज की ने औचक निरीक्षण कर सभी को हैरान कर दिया.

नवादा के सदर अस्पताल में निरीक्षण के दौरान सिविल सर्जन डॉ नीता अग्रवाल को ओपीडी टाइम में कोई डॉक्टर नहीं मिला. नाराज होकर उन्होंने सभी का एक दिन का वेतन काटने और नोटिस जारी करने का आदेश दिया. मरीज की शिकायत पर अस्पताल पहुंचीं सिविल सर्जन, ड्यूटी में नहीं थे डॉक्टर,फिर.. सिविल सर्जन डॉ नीता अग्रवाल अस्पताल पहुंची और सबसे पहले इमरजेंसी की कमान संभाली. हाइलाइट्स सिविल सर्जन ने अस्पताल का औचक निरीक्षण किया. ओपीडी में कोई डॉक्टर मौजूद नहीं था. सभी का एक दिन का वेतन काटने का आदेश दिया. नवादा. बिहार के नवादा जिले से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है.