महापौर ने दी बधाई, कई संगठनों ने टीम के सदस्यों को अंगवस्त्र देकर किया सम्मानित
बेगूसराय महज 5 रुपए में जरूरतमंदों को रात्रि भोजन उपलब्ध कराने वाली साईं की रसोई ने बुधवार को 2000 दिन पूरे कर लिए।
चट्टी रोड निवासी युवा सैन्य अधिकारी किशन गुप्ता ने दिल्ली-एनसीआर में संचालित दादी की रसोई से प्रेरणा लेकर 29 अगस्त 2019 को बेगूसराय में इस मुहिम की शुरुआत की। उन्होंने अपने चार मित्र अमित जायसवाल, नितेश रंजन, पंकज कुमार और निखिल राज के साथ मिलकर सदर अस्पताल के पास स्वर्ण जयंती पुस्तकालय के गेट पर पहली बार रसोई चलाई। तब से हर रात आठ से नौ बजे के बीच जरूरतमंदों के लिए भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है।
कोई भूखा न सोए के उद्देश्य से शुरू हुई, इस मुहिम में पांच से बढ़कर अब 30 युवा जुड़ चुके हैं। रसोई टीम अब पुस्तक दान, बाढ़ राहत, रक्तदान, छठ-दीपावली पर जरूरतमंदों की मदद और गरीब परिवारों की बेटियों की शादी में भी सहयोग कर रही है। टीम के खाद्य मंत्री पंकज कुमार और सक्रिय सदस्य वैभव व रौनक अग्रवाल ने बताया कि बेगूसराय के आम और खास लोगों के सहयोग से यह मुहिम लगातार चल रही है।
संस्थापक सदस्य अमित जायसवाल और नितेश रंजन ने बताया कि कई लोग ऐसे हैं, जिन्हें एक समय का भोजन भी मुश्किल से मिलता है। बीते पांच सालों का सफर बताता है कि सेवा और समर्पण से किए गए छोटे प्रयास भी समाज में बड़ा बदलाव ला सकते हैं। मालूम हो कि साई की रसोई द्वारा कोरोना काल में भी लोगों की अनवरत सेवा की थी। लॉकडाउन जैसे समय में भी बिना रुके टीम के सदस्यों ने लोगों तक पहुंचकर उन्हें मदद मदद पहुंचाई थी। इतना ही नहीं बात ही से आपदा में भी हर वर्ष टीम के सदस्य विभिन्न वार्ड प्रभावित गांव पहुंचकर लोगों को कपड़े राशन मुहैया कराते हैं।
रसोई के 2000 दिन पूरे होने पर नगर निगम की महापौर पिंकी देवी और पूर्व महापौर संजय कुमार ने रसोई में पहुंचकर टीम को बधाई दी और सहयोग जारी रखने का वादा किया। विभिन्न संगठनों ने भी टीम के सदस्यों को अंग वस्त्र देकर सम्मानित किया। इस अवसर पर कोमल हिसारिया, राहुल, कुणाल, अशोक कुमार अग्रवाल, राजकुमारी अग्रवाल समेत रसोई टीम के सदस्यों ने भोजन परोसा। गौरव मित्तल, अंकित कुमार, कुंदन गुप्ता, संदीप गुप्ता, आकाश सोनी, सृष्टि सोनी समेत कई लोग मौजूद रहे।


