बेगूसराय : अफसर नहीं बन पाई पर कमाई में सबको छोड़ दिया पीछे, नीतीश की ‘प्रगति यात्रा’ की शान अतिथि सुनीता से आप भी मिलिए
खोदावंदपुर जीविका सदस्य सुनीता देवी ने बताया मैं अफसर बनने के लिए पढ़ाई के साथ प्रयास भी करते रहा. लेकिन जब नौकरी नहीं हुई तो मन में ख्याल आया ब्यूटी पार्लर की शुरुआत करें. इसके बाद यूको आरसेटी से प्रशिक्षण प्राप्त कर ब्यूटी पार्लर की शुरुआत कर ली.
बेगूसराय: बिहार में इन दिनों विधानसभा चुनाव से पहले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार एक बार फिर राज्य की यात्रा पर निकले हैं, जिसे उन्होंने ‘प्रगति यात्रा’ नाम दिया है. इस यात्रा के दौरान हर जिले में कुछ ना कुछ खास अतिथि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मिलकर उस जिले की प्रगति की शान की गाथा सुनाकर मुख्यमंत्री को खुश करते हैं. इसी यात्रा के क्रम में बिहार के बेगूसराय जिले में 18 जनवरी को बेगूसराय की प्रगति देखने माननीय आ रहे हैं. इसको लेकर जिला प्रशासन ने कुछ चुनिंदा अतिथि जीविका दीदियों की प्रगति को दिखाने का निर्णय लिया. इसी क्रम में जिले के खोदावंदपुर सुनीता देवी भी मुख्यमंत्री से मिलकर अपनी प्रगति में जीविका भूमिका को लेकर शामिल होंगे.
अफ़सर बनने में हुई असफल तो खोल दी ब्यूटी पार्लरखोदावंदपुर जीविका सदस्य सुनीता देवी ने बताया मैं अफसर बनने के लिए पढ़ाई के साथ प्रयास भी करते रहा. लेकिन जब नौकरी नहीं हुई तो मन में ख्याल आया ब्यूटी पार्लर की शुरुआत करें. इसके बाद यूको आरसेटी से प्रशिक्षण प्राप्त कर ब्यूटी पार्लर की शुरुआत कर ली. इन्होंने बताया साल 2016 से 2020 तक घरों पर ही ब्यूटी पार्लर चला रहा था. फिर खोदावंदपुर जीविका में जुड़ने के बाद प्रखंड परियोजना प्रबंधक मनोज कर्ण ने काफ़ी मदद की. जीविका से तकरीबन 5 लाख रुपए की सहायता राशि मिली. फिर अपने ब्यूटी पार्लर को बड़ा स्वरूप दिया. इसके साथ ही ट्रेनिंग सेंटर भी खोल दिया अब तो हमसे बेहतर मेरे द्वारा सिखाएं गए छात्र काम कर अपनी पहचान बना रहे हैं.
बेगूसराय प्रगति यात्रा की शान रहेंगी सुनीतासुनीता देवी के ब्यूटी पार्लर में अपना मेकअप करवाने आई अनामिका ने बताया महीने में एक दो हजार तो इनके यहां खर्च हो ही जाते हैं. इनके यहां कस्टमर की भीड़ हमेशा रहती है. इसका फायदा भी सुनीता प्रशिक्षण दे रही छात्रों को मेकअप सीखने में ग्राहकों का मेकअप करते हुए छात्रों से उठा लेती हैं.
इन्होंने बताया 4 साल में 100 से ज्यादा लड़कियों को प्रशिक्षण दिए हैं. सभी आत्मनिर्भर बन चुके हैं. कमाई के बात पर इन्होंने बताया 6 महीने के प्रशिक्षण के 20000 शुल्क लेते हैं. जबकि रोजाना की 20000 से भी ज्यादा के टर्नओवर होते हैं. इन्होंने बताया लागत काफी कम है ऐसे में सेल के 80 फीसदी तक कमाई हो जाती है. अपनी इस सफलता की कहानी सुनाने के लिए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के प्रगति यात्रा बेगूसराय की शान के रूप में शामिल है. इनके सफलता की कहानी आप तक पहुंचाने में जीविका MIS अनामिका ने मदद की.
