दरभंगा मंडल कारा में एक विचाराधीन कैदी की तबीयत बिगड़ने के बाद उसे डीएमसीएच के इमरजेंसी विभाग में भर्ती करवाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक तारालाही निवासी गरथू यादव का पुत्र प्रभाष चंद्र यादव है। सूचना मिलते ही परिजनों की भारी भीड़ डीएमसीएच इमरजेंसी में इकट्ठा हो गयी। परिजन शव को देखते ही चित्कार मार कर रोने लगे। परिजनों ने आरोप लगाया है कि प्रभास को जहर देकर मार दिया गया है। मामला की गंभीरता को देखते हुए पुलिस बलों की भारी तैनाती कर दी गई है। सदर एसडीपीओ अमित कुमार भी डीएमसीएच पहुंचे और मामले की निष्पक्ष जांच का आश्वासन परिजनों को दिया।
बताते चलें कि प्रभाष चंद्र यादव 2018 से एक जमीनी विवाद में जेल में बंद था। उसका एक भाई भी जेल में बंद है।
परिजन महेश यादव ने बताया कि प्रभाष चंद्र यादव को साजिश के तहत जेल में जहर देकर मार दिया गया है। उसका पूरा शरीर काला पड़ा है और नाक से झाग निकल रहा है। जेल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि परिजन को सुबह सात बजे इसकी सूचना दी गई जबकि 2 से 3 बजे के बीच ही जेल में इसके साथ घटना हुआ था। घटना के बाद चुपचाप उसे डीएमसीएच के इमरजेंसी विभाग में भर्ती करवा दिया गया उसके बाद परिजन को सूचना दी गयी।
प्रभाष चंद्र यादव को दो लड़की और एक लड़का है।
मौके पर पहुंचे सदर एसडीपीओ द्वारा किसी तरह परिजनों को समझा-बुझाकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।




