समस्तीपुर में शुरुआत

सरकार गठन के कुछ ही घंटे बाद ‘ऑपरेशन बुलडोजर’ की शुरुआत समस्तीपुर से हुई। रेलवे स्टेशन के पास माल गोदाम चौक के आसपास से अतिक्रमण हटाने के लिए RPF, रेल पुलिस और स्थानीय पुलिस संयुक्त रूप से मैदान में उतरी। कई लोगों ने मौका देने की मांग की, जिस पर प्रशासन ने 10 दिनों की मोहलत दी।

लखीसराय में बड़े पैमाने पर कार्रवाई

लखीसराय में डीएम मिथिलेश मिश्र और एसपी अजय कुमार के नेतृत्व में बुलडोजर अभियान चलाया गया। पक्के और कच्चे, दोनों तरह के अवैध निर्माण ढहाए गए। करीब तीन घंटे चली कार्रवाई में दुकानों के आगे निकाले टीन शेड, सड़क पर किए गए कब्जे और अन्य ढांचों को हटा दिया गया।

सीतामढ़ी में जेसीबी की मदद से सड़क खाली

नगर निगम और ट्रैफिक विभाग की संयुक्त टीम ने गौशाला चौक से पुनौरा धाम मंदिर द्वार तक अतिक्रमण हटाया। जेसीबी और मजदूरों की मदद से कई अवैध ढांचे तोड़े गए। दूसरे दिन भी अभियान जारी रहा और करीब 9,500 रुपये जुर्माना वसूला गया।

दानापुर में झोपड़ियां और गुमटियां ध्वस्त

दानापुर में भी दूसरे दिन कार्रवाई जारी रही। हाथी खाना मोड़ से सगुना मोड़ तक झोपड़ियों और गुमटियों को हटाया गया। प्रशासन ने अतिक्रमण करने वालों से 4,800 रुपये जुर्माना भी लिया।

भागलपुर में 13,500 रुपये का जुर्माना

भागलपुर नगर निगम ने भी अभियान में तेजी दिखाई। तिलकामांझी से आदमपुर तक कई अतिक्रमण हटाए गए। दोबारा कब्जा करने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी गई। यहां 13,500 रुपये जुर्माना वसूला गया।

पूरे बिहार में अभियान जारी

नई सरकार बनने के बाद प्रशासन कई जिलों में फील्ड पर सक्रिय दिख रहा है। समस्तीपुर, सीतामढ़ी, भागलपुर, दानापुर, लखीसराय, मुजफ्फरपुर और बिहारशरीफ सहित दर्जनों शहरों में अवैध कब्जों पर कार्रवाई हो रही है। कुछ जगह स्थानीय लोगों से नोकझोंक की खबरें भी मिली हैं, लेकिन अभियान लगातार जारी है।

सरकार ने स्पष्ट संदेश दिया है- सड़क पर किए गए अवैध कब्जे किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। यदि लोग खुद अतिक्रमण नहीं हटाते, तो बुलडोजर के साथ भारी जुर्माना भी लगाया जाएगा।