सदर प्रखंड के मीटिंग हॉल में आज प्रखंड प्रमुख उदय कुमार साहनी की अध्यक्षता एवं प्रखंड विकास पदाधिकारी डॉ. रवि रंजन के संचालन में पंचायत समिति की बैठक शांतिपूर्ण, व्यवस्थित एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न
बैठक में सदर प्रखंड की विभिन्न पंचायतों के पंचायत समिति सदस्य, सम्मानित मुखिया एवं प्रखंड स्तरीय विभिन्न विभागों के पदाधिकारियों ने भाग लिया। बैठक के दौरान आगामी वित्तीय वर्ष की वार्षिक विकास योजनाओं पर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई। पंचायतों में विकास कार्यों को गति देने, जनहित से जुड़ी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन तथा सरकारी योजनाओं का लाभ आम लोगों तक पहुंचाने को लेकर सदस्यों ने अपने-अपने सुझाव एवं विचार रखे।
बैठक में केंद्र एवं बिहार सरकार द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी एवं विकासात्मक योजनाओं की समीक्षा एवं चर्चा की गई। इसके साथ ही 15वीं एवं 16वीं वित्तीय योजनाओं, जीपीडीपी (GPDP) सहित अन्य पंचायत स्तरीय योजनाओं पर विचार-विमर्श करते हुए प्रस्तावित योजनाओं की संपुष्टि की गई।
बैठक में पिछली बैठक में लिए गए निर्णयों एवं प्रस्तावों की भी समीक्षा की गई तथा आवश्यक बिंदुओं की संपुष्टि की गई। पंचायत प्रतिनिधियों ने अपने-अपने क्षेत्रों की जनसमस्याओं एवं विकास से संबंधित मुद्दों को भी बैठक के समक्ष रखा, जिस पर संबंधित पदाधिकारियों द्वारा आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया गया।
इस अवसर पर उप प्रमुख राकेश कुमार रोशन, प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी सुश्री करुणा कश्यप, राजस्व पदाधिकारी विनीता चित्रा, प्रखंड कृषि पदाधिकारी सुश्री रिमझिम चौधरी, मनरेगा कार्यक्रम पदाधिकारी प्रेम कुमार एवं जीविका के बीपीएम सहित विभिन्न विभागों के पदाधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में पंचायत समिति सदस्यों में केसरी यादव, रोशन कुमार, सुधीर सिंह, राजकुमार पासवान, रुन्ना देवी, पप्पू पासवान, राधेश्याम पासवान सहित कई दर्जन पंचायत समिति सदस्य उपस्थित रहे। वहीं सदर प्रखंड की विभिन्न पंचायतों के सम्मानित मुखियागण ने भी बैठक में भाग लेकर अपने-अपने पंचायतों की समस्याओं एवं विकास योजनाओं को लेकर महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए।
बैठक के अंत में प्रखंड प्रमुख उदय कुमार साहनी ने सभी पंचायत प्रतिनिधियों एवं पदाधिकारियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि पंचायत प्रतिनिधियों और प्रशासन के बेहतर समन्वय से ही गांवों के समग्र विकास को गति दी जा सकती है। उन्होंने जनहित एवं विकास से जुड़ी योजनाओं के पारदर्शी एवं प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष जोर दिया।