आयुष स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम

जिला आयुष समिति सह जिला संयुक्त औषधालय दरभंगा द्वारा आज आयुष स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम राजकीय कन्या मध्य विद्यालय डरहार बहादुरपुर,दरभंगा में आयुर्विद्या कार्यक्रम का भव्य उद्घाटन जिला देशी चिकित्सा पदाधिकारी दरभंगा डॉ हरेन्द्र कुमार लाल दास एवं विद्यालय प्रधानाध्यापक केसरी कल्याण की संयुक्त अध्यक्षता में हुई।
इस कार्यक्रम में डॉक्टर हरेंद्र लाल दास ने बताया कि राज्य आयुष समिति के दिशा निर्देश पर *यह कार्यक्रम समाज में आयुर्वेद,होम्योपैथी,यूनानी,योग एवं नेचुरोपैथी चिकित्सा पद्धति के प्रति जन जागरूकता फैलाने के लिए आयोजित । इसका मुख्य उद्देश्य स्थानीय औषधीय पौधे जड़ी बूटियां के महत्व* को दिनचर्या में सुधार लाकर स्वस्थ, दीर्घायु और खुशहाल स्थिति के बारे में स्थानीय नागरिकों / बच्चों को बताया गया।
उन्होंने कहा कि सस्ती सुलभ और और पूर्ण वैज्ञानिक आयुष की चिकित्सा पद्धतियां आज सरकार और विभाग के प्रयास से गांव गांव तक फैल रही है।
आयुष मंत्रालय भारत सरकार राष्ट्रीय आयुष मिशन के तहत आयोजित आयुर्वेदिक कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य छात्रों में बचपन से आयुष चिकित्सा के प्रति जागरूकता का बीज बोना है।
गलत जीवन शैली एवं खानपान से उत्पन्न रोगों से बचाव करना है साथ ही विभिन्न विषयों जैसे स्वच्छता दिनचर्या पोषक आहार,आहार विधि,अच्छा आचरण,दैनिक जीवन में योग एवं व्यायाम का महत्व,मानसिक स्वास्थ्य,शारीरिक प्रकृति के विषय में सचेत करना है।
उन्होंने कहा कि आस पास पाए जाने वाले औषधीय पेड़ पौधों जैसेनीम,अमला,जामुन,गिलोय,एलोवेरा,तुलसी , हरिद्रा आदि की उपयोग से परिचित कराना है। इससे बच्चे इसे लगाने के लिए भी प्रेरित हो। इसमें हमारे आयुष चिकित्सकगण भी बढ़ चढ़कर योगदान कर रहे हैं।
डॉ रणधीर कुमार ईश्वर आयुर्वेदिक चिकित्सा पदाधिकारी, डॉ राहुल रंजन होम्योपैथिक चिकित्सा पदाधिकारी डॉ शिखा मिश्रा, डॉ शाहिस्ता प्रवीण, डॉ विजय कुमार, डॉ मंजर आलम यूनानी चिकित्सक,डॉ वरुण कुमार झा, डॉ शंभू पंडित, श्री रघुवीर चौधरी के अतिरिक्त सभी कर्मी एवं डॉ उमेश कुमार उषाकर योग प्रशिक्षक के योगदान से इस शिविर लगभग 250 छात्र-छात्राओं,शिक्षक शिक्षिकाओं के लिए काफी उपयोगी रहा।
इस कार्यक्रम में विभिन्न प्रकार के औषधीय पौधों के महत्व को चिकित्सकों ने बताया की मौसमी फल सब्जियां का अधिक से अधिक उपयोग करते हुए डिब्बा बंद खाद्य पदार्थ एवं जंक फूड से बचाव कर बच्चे अपने शारीरिक मानसिक और बौद्धिक स्वास्थ्य को बरकरार रख सकते हैं।

कार्यक्रम में जिला देशी चिकित्सा पदाधिकारी के हाथों सभी आगत अतिथियों का स्वागत औषधीय पौधे भेंट किया गया।
इस अवसर पर शिक्षक नूनू प्रसाद साहू, नीलम कुमारी, कुमारी सुनीता, संगीता कुमारी, कुमारी अनिता, अपर्णा ठाकुर,रोहित कुमार, गुड्डू कुमार, शिवम कुमार, सुनीता कुमारी, पुष्पा कुमारी, भारती कुमार, निशांत कुमार, सुधीर कुमार आदि ने भी इस कार्यक्रम में अपने विचार साझा करते हुए छात्र-छात्राओं को स्वस्थ दिनचर्या एवं सफल जीवन के लिए सलाह दिए।

Santosh Dutta Jha: