जिलाधिकारी श्री कौशल कुमार की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आंगनबाड़ी केंद्र भवनों के निर्माण हेतुर समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई।
बैठक में आंगनबाड़ी केंद्र भवन हेतु भूमि चिन्हित करने तथा जर्जर भवनों की पहचान को लेकर विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक में जिले के सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचलाधिकारी एवं प्रखंड बाल विकास परियोजना पदाधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े हुए थे ।
जिलाधिकारी द्वारा बारी-बारी से सभी संबंधित पदाधिकारियों से उनके-अपने प्रखंडों में संचालित आंगनबाड़ी केंद्रों की स्थिति,उपलब्ध भूमि,जर्जर भवनों
के संबंध में विस्तृत फीडबैक प्राप्त किए ।
जिलाधिकारी द्वारा जिन प्रखंडों में बैटरी चालित ट्राई साइकिल के लिए कम आवेदन हुए हैं, जिस पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त किया और पंचायत स्तर पर कैंप लगा कर आवेदन प्राप्त करने का निदेश दिये।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट शब्दों में निर्देश दिया कि जिन स्थानों पर आंगनबाड़ी केंद्र भवन हेतु भूमि उपलब्ध नहीं है,वहाँ शीघ्रातिशीघ्र उपयुक्त भूमि चिन्हित कर उसका प्रतिवेदन अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। साथ ही, जर्जर भवनों की सूची तैयार कर त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्र बच्चों के पोषण,शिक्षा एवं विकास की आधारशिला हैं।
किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
साथ ही जिला पदाधिकारी द्वारा संबल योजना अंतर्गत बैट्री चालित ट्राईसाईकिल की भी प्रखंडवार समीक्षा की गई।
सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी को निदेश दिया गया कि प्रति पंचायत कम से कम 10 दिव्यांगजनों को लाभ जरूर मिले,जिससे कोई भी पात्र चलंत दिव्यांग बिना ट्राईसाईकिल से वंचित न रहे।
समीक्षा बैठक में जिला कार्यक्रम पदाधिकारी,आईसीडीएस चांदनी सिंह,जिला पंचायती राज पदाधिकारी प्रियंका कुमारी, सहायक निदेशक जिला दिव्यांगजन कोषांग आशीष अमन सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।