समस्तीपुर-दरभंगा दोहरी लाइन पर जनवरी से दौड़ेगी ट्रेन:​​​​​​​बागमती नदी के ब्रिज के आखिरी पाये का निर्माण शुरू, 15 दिसंबर तक काम पूरा करने का लक्ष्य।

बागमती नदी के 16 नंबर ब्रिज पर अंतिम पे का शुरू हुआ निर्माण।
समस्तीपुर-दरभंगा दोहरी लाइन पर अगले साल जनवरी से ट्रेन दौड़ेगी। हायाघाट-थलवारा के बीच बागमती नदी पर 16 नंबर ब्रिज के अंतिम पाये का निर्माण काम शुरू हो गया है। इस पाये को 15 दिसंबर तक बनाने का लक्ष्य रखा गया है।

शुरू में इस पाये के निर्माण में तकनीकी परेशानी आ गई थी। जिसे दूर कर लिया गया है। 183 मीटर लंबे इस पुल में छह पाया बनाया जाना था। लेकिन आखिरी पाये के निर्माण में परेशानी आ गई थी। पाया निर्माण के दौरान नीचे की ओर धंस नहीं रहा था। अब परेशानी को दूर कर लिया गया है।

रेलवे के निर्माण विभाग के अधिकारी का कहना है कि पुल निर्माण का अन्य काम पूरा कर लिया गया है। सब ठीकठाक रहा तो जनवरी से दरभंगा-समस्तीपुर के बीच दोहरी लाइन पर सीधी ट्रेन सेवा शुरू हो जाएगी।

युद्ध स्तर पर चल रहा निर्माण का काम।
चार मेजर और 8 माइनर ब्रिज का हो चुका है निर्माण

समस्तीपुर-दरभंगा करीब 40 किलोमीटर की इस रेल परियोजना के तहत विभिन्न नदियों पर अब तक चार मेजर और आठ माइनर पुलों का निर्माण हो चुका है। मेजर पुलों में पुल नंबर 14, 15, 15 ए, व 17 और माइनर पुलों में 13ए, 14 ए, 15 बी, 15 सी, 17 ए-1, 17ए-2 , 17 व 18 शामिल हैं।

बागवती नदी पर हायाघाट-थलवारा के बीच स्थित पुल नंबर 16 पर काम चल रहा था। इस पुल को 6 पाये का बनाया जाना था लेकिन एक पाये के निर्माण में परेशानी आ रही थी। बड़े पुल निर्माण को लेकर इस जस तरह से निर्माण के दौरान पाये को नीचे धंसना चाहिए था। वह नही हो पा रहा था। जिसे ठीक किया गया है।

एक नजर में पूरी योजना

समस्तीपुर-दरभंगा 40 किलोमीटर दोहरीकरण का काम तीन सालों में पूरा होना था। लेकिन 9 साल गुजर गए अब तक मात्र 28 किलोमीटर का ही काम हो पाया है। 12 किलोमीटर रेलवे लाइन बिछाना अभी भी बाकी है।

रामभद्रपुर- हायाघाट, हायाघाट-थलवारा रेलवे स्टेशनों के बीच चौथे चरण में योजना पर काम चल रहा है। साल 2015 में 519 करोड़ की लागत से दोहरीकरण का काम शुरू हुआ, जिसमें रेलवे ट्रैक और पुल के लिए 491 करोड़ और 28 करोड़ रुपए इलेक्ट्रिक वायरिंग के लिए आवंटित हुई थी। इस काम को 3 साल के अंदर पूरा करने का लक्ष्य था। लेकिन 9 सालों में 28 किलोमीटर रेलवे सफर तय कर पाई है।

योजना को तीन चरणों में बांटा गया था

जबकि, काम को जल्द से जल्द पूरा करने के लिए योजना को तीन चरणों में बांटा गया था। रेलवे के निर्माण विभाग की ओर से इस खंड पर पहले चरण में समस्तीपुर-किशनपुर 10.50 किलोमीटर और दूसरे चरण में दरभंगा-थलवाड़ा 9.50 किलोमीटर में दोहरीकरण का काम पूरा हुआ है।

तीसरे चरण में किशनपुर-रामभद्रपुर के बीच काम पूरा हो चुका है। कार्य में विलंब को देखते हुए इस योजना को पुन: शेष बचे रेलखंड को दो चरणों में बांटा गया है। पहले चरण में रामभद्रपुर- हायाघाट व दूसरे चरण में हायाघाट-थलवारा के बीच काम को पूरा करना है। अभी रामभद्रपुर-हायाघाट-थलवारा 12.8 किलोमीटर पर काम चल रहा है।

रेलवे के मुख्य सूचना पदाधिकारी सरस्वती चंद्र ने बताया कि समस्तीपुर-दरभंगा के हायाघाट-थलवारा के बीच पुल नंबर 16 पर युद्ध स्तर पर काम शुरू किया गया है। रेलवे ट्रैक आदि बिछाने का काम पूरा किया जा चुका है। पुल निर्माण होने पर सीआरएस को निरीक्षण के लिए बुलाया जाएगा। सीआरएस निरीक्षण में ओके मिलने के बाद समस्तीपुर से दरभंगा दोहरी लाइन पर सीधी ट्रेन सेवा शुरू हो जाएगी।

 

Darbhanga Office: