बेगूसराय के सांखू गांव निवासी अरविंद कुमार(31) की इलाज के दौरान मौत हो गई। 5 अगस्त को बेहोशी की हालत में खगड़िया जिले के ओपी क्षेत्र में मिला था। आज परिजन बेहतर इलाज के लिए पटना लेकर जा रहे थे, लेकिन रास्ते में दम तोड़ दिया।
मृतक के बहनोई श्रीराम केसरी ने बताया कि अरविंद 4 अगस्त को बेला बाजार गया था। वहां से रात तक नहीं लौटा। खोजबीन के बाद भी कुछ पता नहीं चला। दूसरे दिन सुबह पता चला कि बेला और सांखू के बीच बहियार में पड़ा हुआ है। जिसके बाद परिवार के सदस्य मौके पर पहुंचे। वहां उठाकर प्राइवेट अस्पताल में एडमिट कराया।
हालत बिगड़ने पर शनिवार की रात डॉक्टर ने सदर अस्पताल रेफर कर दिया। यहां सोमवार को पीएमसीएच पटना भेज दिया। रात में एंबुलेंस वाले को बुलाते रहे, लेकिन कोई चलने को तैयार नहीं हुआ। आज सुबह करीब 8:30 बजे एंबुलेंस मिला। वहां पहुंचने से पहले रास्ते में ही जान चली गई।
आवास सहायक पर आशंका
श्रीराम केसरी ने आगे कहा कि अरविंद गांव में ही रहकर खेती-बाड़ी और अमीन के साथ मजदूर के तौर पर काम करता था। पहले से किसी से कोई विवाद नहीं था। कुछ दिन पहले प्रधानमंत्री आवास योजना की स्वीकृति मिली। प्रथम किस्त का पैसा आया था। इसमें आवास सहायक सभी लोगों से 20-20 हजार रुपए घूस ले रहा था।
अरविंद ने इसका विरोध किया तो उसने घर पर आकर उसकी मां को देख लेने की धमकी दी थी। कई लोगों ने जब पैसा लेने की शिकायत किया तो जांच शुरू हुई। इसके बाद आवास सहायक ने सभी का पैसा लौटा दिया। आशंका है कि उसकी मिलीभगत से मारपीट कर बेहोश कर दिया और मारा समझ कर फेंक दिया गया।
आवेदन के आधार पर कार्रवाई
वहीं, परिहारा थानाध्यक्ष ऋषिकांत कुमार ने बताया कि मौत की सूचना मिली है। घटनास्थल गंगौर ओपी में पड़ता है। परिजन आवेदन देंगे तो उसी के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।