बिहार के पुल बीते कुछ दिनों से काफी सुर्खियों में हैं. कुछ महीनों पहले प्रदेश में पुलों के गिरने का सिलसिला शुरू हुआ था, जो अबतक जारी है. हाल ही में बख्तियारपुर- ताजपुर के बीच निर्माणाधीन गंगा महासेतु के संपर्क पथ में नंदनी लगुनिया रेलवे स्टेशन के पास दो पिलरों के बीच लगाया गया स्पैन गिरकर धराशायी हो गया. अब नवादा-रजौली-बख्तियारपुर फोरलेन सड़क निर्माण के दौरान धनारजय नदी के ऊपर बन रहा पुल सुर्खियों में आ गया है. इस पुल का जल्द ही उद्घाटन होने वाला है. उद्घाटन से पहले ही सड़क पर दरारें पड़ गई हैं. जानकारी के मुताबिक, पुल की बेयरिंग क्षतिग्रस्त होने से बड़े और छोटे वाहनों का परिचालन पर प्रतिबंध लगा दिया गया है.चंडीगढ़ की अंजलि कंस्ट्रक्शन कंपनी को क्षतिग्रस्त बेयरिंग का मरम्मती का कार्य सौंपा गया है. इस संबंध में जब अंजलि कंस्ट्रक्शन कंपनी के कर्मियों से बात की गई तो उन्होंने कहा कि अगर समय रहते बेयरिंग की मरमती नहीं की गई तो पुल के क्षतिग्रस्त होने की संभावना बढ़ जाएगी. उन्होंने बताया कि हम लोग जैक के माध्यम से बेयरिंग का मरम्मत कार्य कर रहे हैं. इस दौरान पुल में लगे सभी बेयरिंग की जांच भी की जाएगी और जिस-जिस पिलर का बेयरिंग क्षतिग्रस्त होगा, उसे बनाया जाएगा.
अररिया के सिकटी में बकरा नदी पर बन रहा पुल भी उद्घाटन से पहले धड़ाम से गिर गया था. 12 करोड़ रुपये की लागत से यह पुल बन रहा है. ब्रिज गिरने पर पुल निर्माण करने वाली एजेंसी के लोग मौके पर पहुंचे. कुछ समय पहले हाजीपुर में बने ओवर ब्रिज से भी ऐसी ही तस्वीरें सामने आई थी. रामाशीष चौक ओवर ब्रिज पर बनी सड़क बीच से धंस गई थी. जिसके बाद ओवरब्रिज से किसी भी तरह के वाहनों की आवाजाही पर रोक लगा दी गई थी.