बेगूसराय सदर अस्पताल के समीप मात्र 5 रुपए में लोगों को रात का भरपेट भोजन उपलब्ध कराने वाली टीम साईं की रसोई ने 5 साल पूरे कर लिए। 29 अगस्त 2019 को बेगूसराय के उत्साही युवाओं की टोली ने रसोई शुरू किया था। उस दिन से आज तक यह लोग ठंडा, गर्मी, बरसात किसी भी मौसम में प्रत्येक दिन लोगों को भोजन उपलब्ध करवा रहे हैं।
5 साल पूरा होने के अवसर पर बीती रात भव्य कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसमें केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह, मेयर पिंकी देवी, पूर्व मेयर संजय कुमार, शिक्षक नेता डॉ. सुरेश प्रसाद राय और पूर्व एमएलसी रजनीश कुमार सहित बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।
सभी ने युवाओं के इस अद्भुत कार्यक्रम की प्रशंसा की। इस अवसर पर गिरिराज सिंह और पिंकी देवी सहित अन्य अतिथियों ने सहयोग करने वाले करीब 150 लोगों को सम्मानित भी किया। जितनी तारीफ की जाए कम होगी
गिरिराज सिंह ने कहा कि साईं की रसोई हर शाम 5 रुपए में गरीबों को खाना उपलब्ध कराती है। यह बहुत ही कठिन और नेक काम है। उनके प्रयासों की जितनी भी प्रशंसा की जाए, कम होगी। समाज के लिए सामाजिक सरोकार का काम कर रही है साईं की रसोई।
5 रुपए में भरपेट खाना अद्भुत है। हमारे हिंदू समाज में सबसे बड़ा काम है अन्न का दान और साईं की रसोई से जुड़े लोग वही काम कर रहे हैं। इनके 5 साल पूरे हुए, जितनी तारीफ की जाए कम होगी।
2019 से लोगों की सेवा
सिर्फ बेगूसराय जिला ही नहीं आसपास के जिलों से भी काफी लोग आते हैं, लेकिन उनके लिए सदर अस्पताल के आसपास भोजन की अच्छी व्यवस्था नहीं थी।
जिसके कारण लोग परेशान रहते थे। इनकी परेशानी को देख बेगूसराय के उत्साही युवाओं ने अगस्त 2019 में शानदार पहल की। नर सेवा को नारायण सेवा मानते हुए बेगूसराय के साईं भक्तों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने सदर अस्पताल सहित शहर के अन्य अस्पतालों में इलाज कराने आने वाले जरूरतमंद मरीजों के परिजनों को 29 अगस्त 2019 से मात्र 5 रुपए में रात का खाना देना शुरू कर दिया।
30 लोगों से सहयोग से शुरुआत की थी
अमित जायसवाल, नितेश रंजन, किशन गुप्ता, सुमित, अभिषेक, ज्ञानी, पंकज, सृष्टि, अनिल, अंकित और शैलेन्द्र सहित अन्य युवाओं ने साईं की रसोई को सुगमता पूर्वक संचालित करने के लिए आम लोगों से आर्थिक सहयोग नहीं साईं में श्रद्धा रखने वाले 30 लोगों से सहयोग लेकर सदर अस्पताल के सामने शुरुआत की थी।
उस समय तो लोगों को मजाक लगा, लेकिन बाद में कारवां बढ़ता गया, जरुरतमंदों की मदद के लिए काफी लोग सामने आने लगे। जिसका प्रतिफल हुआ है।
बाढ़ पीड़ितों की भी मदद कर रही टीम
आज यह टीम ना केवल सदर अस्पताल के पास भोजन उपलब्ध करवा रही है, बल्कि बाढ़ के समय पीड़ितों के बीच जाकर भोजन सामग्री बांटी रही है। गरीब परिवार की बेटी की शादी में सभी समान दे रही है, पर्व-त्योहार में महादलित बच्चों के बीच पहुंच रही है, बीच-बीच में फुटपाथ पर रहने वाले को खाना, कपड़ा और ठंड कंबल भी दे रही है।
टीम के सदस्यों ने बताया कि जरूरतमंद लोग प्रत्येक दिन इलाज कराने के लिए शहर आते हैं और यहां उन्हें रात में रुकना भी पड़ता है। इनमें से दर्जनों लोग ऐसे होते हैं जिनके पास पैसा का अभाव रहता है।